1
रोमियन 1:16
Bagheli Bible
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काहेकि हम खुसी के खबर से नहीं लजई, एसे कि उआ हरेक बिसुआस करँइ बालेन के खातिर, पहिले त यहूदी लोगन के खातिर, ओखे बाद गैरयहूदी लोगन काहीं मुक्ती पामँइ के खातिर परमातिमा के सामर्थ आय।
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2
रोमियन 1:17
काहेकि खुसी के खबर माहीं इआ बताबा ग हय, कि परमातिमा मनई काहीं अपने नजर माहीं निरदोस कइसा बनाबत हें, इआ सुरुआत से अन्त तक बिसुआस माहीं टिका हय; जइसन पबित्र सास्त्र माहीं घलाय लिखा हय, कि “परमातिमा के नजर माहीं निरदोस मनई बिसुआस के कारन जिअत रही।”
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3
रोमियन 1:20
जब से संसार के रचना भे ही, परमातिमा के न देखाई देंइ बाली बिसेसता अरथात अनन्त सक्ती, अउर परमातिमा के दिब्य गुन साफ-साफ देखाई देत हें, काहेकि ऊँ चीजन से ऊँ पूरी तरह से जाने जाय सकत हें, जउने काहीं परमातिमा रचिन हीं। एसे अब मनइन के लघे कउनव बहाना नहिं आय।
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4
रोमियन 1:21
जबकि ऊँ पंचे परमातिमा काहीं जानत रहे हँय, तऊ ऊँ पंचे परमातिमा के रूप माहीं, उनहीं मान-सम्मान अउर धन्यबाद नहीं दिहिन, बलकिन बेफालतू के सोच-बिचार करँइ लागें, एसे उनखर निरबुद्धी मन कठोर होइके बुरे सोच-बिचारन से भरिगा।
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5
रोमियन 1:25
काहेकि ऊँ पंचे परमातिमा के सच्चाई के ऊपर बिसुआस करँइ से इनकार कइके, लबरी माहीं बिसुआस करँइ लागें, अउर उनखे बनाई चीजन के अराधना अउर सेबा करँइ लागें, पय उनखर नहीं किहिन, जउन संसार काहीं बनामँइ बाले परमातिमा आहीं, अउर जउन हमेसा धन्य हें। आमीन!
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6
रोमियन 1:18
उन सगलेन काहीं जउन सत्य काहीं अधरम से दबाइके रक्खत हें, अउर बुरे कामन काहीं करत हें, अउर हरेकमेर के बुराई करत हें, स्वरग माहीं रहँइ बाले परमातिमा सजा देइहँय।
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7
रोमियन 1:26-28
एसे परमातिमा उनहीं सरमिन्दा करँइ बाली नीच अभिलासन के काबू माहीं कइ दिहिन; इहाँ तक कि उनखर मेहेरिअव आपन सोभाबिक सम्बन्ध बनाउब छोंड़िके, ओखे बिरुद्ध असोभाबिक सम्बन्ध बनामँइ लागीं। इहइमेर मंसेरुअव घलाय, अपने मेहेरिअन से सम्बन्ध बनाउब छोंड़िके आपस माहीं कामातुर होइके रहँइ लागें, अउर मंसेरुअय-मंसेरुआ एक दुसरे से नजायज सम्बन्ध बनाइके अपने बुरे काम के ठीक सजा पाइन। काहेकि ऊँ पंचे परमातिमा काहीं पहिचानँय से इनकार कइ दिहिन, एसे परमातिमव उनहीं पंचन काहीं उनखे बुरे मन के मुताबिक छोंड़ दिहिन; कि जउने ऊँ पंचे अनुचित काम करँय।
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8
रोमियन 1:22-23
ऊँ पंचे अपने-आप काहीं बड़ा बुद्धिमान समझत हें, पय मूरुख बनिगें। अउर कबहूँ न नास होंइ बाले परमातिमा के महिमा काहीं, नास होंइ बाले मनइन, अउर पंछिन, अउर पसुअन, अउर रेंगँइ बाले जीव-जन्तुअन कि नाईं मूरत बनाइके, उनहीं मूरतिन माहीं बदल डारिन।
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