1
1 यूहन्ना 5:14
किताब-ए मुक़द्दस
DGV
हमारा अल्लाह पर यह एतमाद है कि जब भी हम उस की मरज़ी के मुताबिक़ कुछ माँगते हैं तो वह हमारी सुनता है।
Compare
Explore 1 यूहन्ना 5:14
2
1 यूहन्ना 5:15
और चूँकि हम जानते हैं कि जब माँगते हैं तो वह हमारी सुनता है इसलिए हम यह इल्म भी रखते हैं कि हमें वह कुछ हासिल भी है जो हमने उससे माँगा था।
Explore 1 यूहन्ना 5:15
3
1 यूहन्ना 5:3-4
क्योंकि अल्लाह से मुहब्बत से मुराद यह है कि हम उसके अहकाम पर अमल करें। और उसके अहकाम हमारे लिए बोझ का बाइस नहीं हैं, क्योंकि जो भी अल्लाह से पैदा होकर उसका फ़रज़ंद बन गया है वह दुनिया पर ग़ालिब आ जाता है। और हम यह फ़तह अपने ईमान के ज़रीए पाते हैं।
Explore 1 यूहन्ना 5:3-4
4
1 यूहन्ना 5:12
जिसके पास फ़रज़ंद है उसके पास ज़िंदगी है, और जिसके पास अल्लाह का फ़रज़ंद नहीं है उसके पास ज़िंदगी भी नहीं है।
Explore 1 यूहन्ना 5:12
5
1 यूहन्ना 5:13
मैं आपको जो अल्लाह के फ़रज़ंद के नाम पर ईमान रखते हैं इसलिए लिख रहा हूँ कि आप जान लें कि आपको अबदी ज़िंदगी हासिल है।
Explore 1 यूहन्ना 5:13
6
1 यूहन्ना 5:18
हम जानते हैं कि जो अल्लाह से पैदा होकर उसका फ़रज़ंद बन गया है वह गुनाह करता नहीं रहता, क्योंकि अल्लाह का फ़रज़ंद ऐसे शख़्स को महफ़ूज़ रखता है और इबलीस उसे नुक़सान नहीं पहुँचा सकता।
Explore 1 यूहन्ना 5:18