नोःआँ चलते बिसवास रिनकु गोवाह, नुमिन बगरा तुंदरा आबु आला चौगिरदा एदनाआ, दो आबु मि-मियांड होना छेछेका वाला जिनीस आउर बबझाव वाला पाप के हटाव केते, अपन नजाईर के ईसु पखी टिकाव केते, धीरज से होना नीर रे मड़ांग बढ़ाव सेनाबु। आउर बिसवास रिनी अगुवा आउर सिसिध वाला ईसु पखी ताक जोहाव एकायाबु, हुनी हिजोअ वाला बेरा रे भेटाअः वाला सुख लःअय कुरूस रे दुख सहाव लःअय, आउर लाज रअः काइटको काय फिकीर लअः, आउर परमेसर आला राईज गदी रे जोम पखी सेन केते दुड़ूः नाय।