ओहेस हम यि चाहास्यो कि सभे ठावम मरदस्या बिना पिटाइक आ बिना बाद-बिबाद करिक आप्न पबित्र हाथ उठाइक पर्थना करुस। एनाहिमे जनिस्या पनि सुहाइलाहार आ आदर भेल्हार खालक नुङासब पिन्हुँस। अरुक ध्यान आप्नभर तान लागि केसक थुप्रे सिङ्गार करिक गर-गहना, हिरा, मोति आ महङ-महङ नुङासब नाइ पिन्हुँस। बरु पर्मेसोरक सेबा कर्लाहार जनिस्या अस्लि-अस्लि कामसब करिक आप्न जिबनका सिङ्गारुस।