‘राजगद्दिर टिबै फारोए च्ह थेबउँइँले किंसि ह्रेंदो प्ह्रोबै केब्स्योए च्ह थेब, खेदोमैंए ओंसों फिबै प्हसेमैं नेरो मिश्रर्बै च्ह थेब समा ताँन् सिब्मुँ। धबै खेदोमैंए ओंसों फिब्मैं या ताँन् सिब्मुँ मिश्रर ओंसों खोंयोंइ आथेबै क्रोबै कै थेब्मुँ, छाबै कै धबै थेरिब् आरे।