अबदियाह 1:3
अबदियाह 1:3 DGV
तेरे दिल के ग़ुरूर ने तुझे फ़रेब दिया है। चूँकि तू चटानों की दराड़ों में और बुलंदियों पर रहता है इसलिए तू दिल में सोचता है, ‘कौन मुझे यहाँ से उतार देगा’?”
तेरे दिल के ग़ुरूर ने तुझे फ़रेब दिया है। चूँकि तू चटानों की दराड़ों में और बुलंदियों पर रहता है इसलिए तू दिल में सोचता है, ‘कौन मुझे यहाँ से उतार देगा’?”