दानियाल 3:28
दानियाल 3:28 DGV
तब नबूकदनज़्ज़र बोला, “सद्रक, मीसक और अबद-नजू के ख़ुदा की तमजीद हो जिसने अपने फ़रिश्ते को भेजकर अपने बंदों को बचाया। उन्होंने उस पर भरोसा रखकर बादशाह के हुक्म की नाफ़रमानी की। अपने ख़ुदा के सिवा किसी और की ख़िदमत या परस्तिश करने से पहले वह अपनी जान को देने के लिए तैयार थे।





