स्तोत्र 31:3
स्तोत्र 31:3 HCV
इसलिये कि आप मेरी चट्टान और मेरे गढ़ हैं, अपनी ही महिमा के निमित्त मेरे मार्ग में मेरी अगुवाई एवं संचालन कीजिए.
इसलिये कि आप मेरी चट्टान और मेरे गढ़ हैं, अपनी ही महिमा के निमित्त मेरे मार्ग में मेरी अगुवाई एवं संचालन कीजिए.