रोमी 15:4
रोमी 15:4 MAI
धर्मशास्त्र मे जतेक बात पहिने सँ लिखल गेल अछि से सभ अपना सभक शिक्षाक लेल लिखल गेल अछि, जाहि सँ अपना सभ ओहि धर्मशास्त्रक द्वारा धैर्य आ प्रोत्साहन पाबि अपन आशा केँ मजगूत राखि सकी।
धर्मशास्त्र मे जतेक बात पहिने सँ लिखल गेल अछि से सभ अपना सभक शिक्षाक लेल लिखल गेल अछि, जाहि सँ अपना सभ ओहि धर्मशास्त्रक द्वारा धैर्य आ प्रोत्साहन पाबि अपन आशा केँ मजगूत राखि सकी।