1
ज़बूर 73:26
किताब-ए मुक़द्दस
DGV
ख़ाह मेरा जिस्म और मेरा दिल जवाब दे जाएँ, लेकिन अल्लाह हमेशा तक मेरे दिल की चटान और मेरी मीरास है।
Compare
Explore ज़बूर 73:26
2
ज़बूर 73:28
लेकिन मेरे लिए अल्लाह की क़ुरबत सब कुछ है। मैंने रब क़ादिरे-मुतलक़ को अपनी पनाहगाह बनाया है, और मैं लोगों को तेरे तमाम काम सुनाऊँगा।
Explore ज़बूर 73:28
3
ज़बूर 73:23-24
तो भी मैं हमेशा तेरे साथ लिपटा रहूँगा, क्योंकि तू मेरा दहना हाथ थामे रखता है। तू अपने मशवरे से मेरी क़ियादत करके आख़िर में इज़्ज़त के साथ मेरा ख़ैरमक़्दम करेगा।
Explore ज़बूर 73:23-24