उस एक तिहाई नै मै आग म्ह देकै इसा निर्मल करुँगा, जिसा चाँदी ताहीं निर्मल करया जावै सै, अर इसा जाचुँगा जिसा सोन्ना जाँच्या जावै सै। वे मेरे तै प्रार्थना करया करैंगे, अर मै उनकी सुणूँगा। मै उनके बारे म्ह कहूँगा, ‘ये मेरी प्रजा सैं,’ अर वे मेरे बारे म्ह कहवैंगे, ‘यहोवा म्हारा परमेसवर सै।’”