मत्ती 14:30

मत्ती 14:30 DVGNT

पर बयाल जोरसे चलत देख्के ऊ डरागिल, और जब डुबे लागल ते ऊ चिल्लाके कहल, “हे प्रभु, महिन्हे बँचाई।”

Kostenlose Lesepläne und Andachten zum Thema मत्ती 14:30