मत्तियाह 4:4

मत्तियाह 4:4 MYG

प्रभु येशु ने उत्तर दिया, “परमात्मा-ग्रंथ में यह लिखा है, ‘इंसान का जीवन केवल रोटी खाने से ही नहीं, परंतु परमात्मा के मुख से निकली हर एक बात पर भी निर्भर है।’”

मत्तियाह 4:4 के लिए वचन चित्र

मत्तियाह 4:4 - प्रभु येशु ने उत्तर दिया, “परमात्मा-ग्रंथ में यह लिखा है, ‘इंसान का जीवन केवल रोटी खाने से ही नहीं, परंतु परमात्मा के मुख से निकली हर एक बात पर भी निर्भर है।’”मत्तियाह 4:4 - प्रभु येशु ने उत्तर दिया, “परमात्मा-ग्रंथ में यह लिखा है, ‘इंसान का जीवन केवल रोटी खाने से ही नहीं, परंतु परमात्मा के मुख से निकली हर एक बात पर भी निर्भर है।’”मत्तियाह 4:4 - प्रभु येशु ने उत्तर दिया, “परमात्मा-ग्रंथ में यह लिखा है, ‘इंसान का जीवन केवल रोटी खाने से ही नहीं, परंतु परमात्मा के मुख से निकली हर एक बात पर भी निर्भर है।’”मत्तियाह 4:4 - प्रभु येशु ने उत्तर दिया, “परमात्मा-ग्रंथ में यह लिखा है, ‘इंसान का जीवन केवल रोटी खाने से ही नहीं, परंतु परमात्मा के मुख से निकली हर एक बात पर भी निर्भर है।’”

निःशुल्क पठन योजनाएँ और भक्तिपूर्ण पठन योजनाएँ जो मत्तियाह 4:4 से संबंधित हैं