एस्‍तर 3:2

एस्‍तर 3:2 HINCLBSI

अत: राजभवन के द्वारपाल, सम्राट के सब सेवक, हामान के सम्‍मुख सिर झुकाकर और भूमि पर लेटकर उसको साष्‍टांग प्रणाम करते थे; क्‍योंकि सम्राट ने उन्‍हें ऐसा ही आदेश दिया था। किन्‍तु मोरदकय न तो सिर झुकाकर और न भूमि पर लेटकर उसको साष्‍टांग प्रणाम करता था।