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अबदियाह 1:17
किताब-ए मुक़द्दस
DGV
लेकिन कोहे-सिय्यून पर नजात होगी, यरूशलम मुक़द्दस होगा। तब याक़ूब का घराना दुबारा अपनी मौरूसी ज़मीन पर क़ब्ज़ा करेगा
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Udforsk अबदियाह 1:17
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अबदियाह 1:15
क्योंकि रब का दिन तमाम अक़वाम के लिए क़रीब आ गया है। जो सुलूक तूने दूसरों के साथ किया वही सुलूक तेरे साथ किया जाएगा। तेरा ग़लत काम तेरे अपने ही सर पर आएगा।
Udforsk अबदियाह 1:15
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अबदियाह 1:3
तेरे दिल के ग़ुरूर ने तुझे फ़रेब दिया है। चूँकि तू चटानों की दराड़ों में और बुलंदियों पर रहता है इसलिए तू दिल में सोचता है, ‘कौन मुझे यहाँ से उतार देगा’?”
Udforsk अबदियाह 1:3
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अबदियाह 1:4
लेकिन रब फ़रमाता है, “ख़ाह तू अपना घोंसला उक़ाब की तरह बुलंदी पर क्यों न बनाए बल्कि उसे सितारों के दरमियान लगा ले, तो भी मैं तुझे वहाँ से उतारकर ख़ाक में मिला दूँगा।
Udforsk अबदियाह 1:4