मत्ती 22:30

मत्ती 22:30 DII25

काहकि जीव उठने क बाद मा इहाव–वियाव नी हये; बाकुन त्या सोरग क मा सोरगदूत समान हुयसे।

Нақшаҳои хониши ройгон ва садоқатҳои марбут ба मत्ती 22:30