मैं तुझे तेरे लोगों से और गैरयहूदियों से बचाता रहूँगा, जिनके पासमैं तुझे भेजता हूँ कि तू उनकी आँखें खोले, ताकि वे अंधकार से ज्योति की ओर और शैतान के अधिकार से परमेश्वर की ओर फिरें,तथा पापों की क्षमा और उन लोगों के साथ उत्तराधिकार प्राप्त करें जो मुझ पर विश्वास करने के द्वारा पवित्र किए गए हैं।’